'एट होम' कार्यक्रम के लिए राष्ट्रपति भवन को विशेष रूप से सजाया जा रहा है। इस बार अतिथियों की मेजों पर मध्य प्रदेश की प्राचीन बाघ प्रिंट (Bagh Print) कलाकृतियों के साथ-साथ मालवा और निमाड़ अंचल की सांस्कृतिक झलक देखने को मिलेगी।
कार्यक्रम परिसर में जनजातीय जीवन की सजीव झांकी तैयार की जा रही है, इसमें भील समुदाय के पारंपरिक आवास और गोंड समुदाय के आंगन का प्रारूप, आदिवासी विवाह परंपराओं को दर्शाते विशेष स्थल, छत्तीसगढ़ की मशहूर मेटल आर्ट (Metal Art), महाराष्ट्र और गोवा की आकर्षक ज्यामितीय कलाकृतियां (Geometric Artwork) शामिल हैं। खास बात यह है कि राष्ट्रपति के शाही क्रॉकरी और चांदी के बर्तनों के बीच भारत की हस्तशिल्प विरासत को दर्शाती बाघ प्रिंट की अनूठी कलाकृतियां रखी जाएंगी।
इस बार राष्ट्रपति भवन से जारी किया गया निमंत्रण-पत्र भी खासा आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। यह निमंत्रण पत्र केवल एक संदेश नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास और सामुदायिक कला का उत्कृष्ट उदाहरण है।
इस संपूर्ण इनविटेशन पैकेज की डिजाइनिंग राष्ट्रीय डिजाइन संस्थान (NID), अहमदाबाद द्वारा की गई है। निमंत्रण-पत्र का मुख्य विषय मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और गोवा- इन चार राज्यों की भौगोलिक विविधता और उनकी पारंपरिक कला शैलियों पर आधारित है।