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ट्रेन से रोज सफर करने वालों के लिए बड़ी खबर, 608 KM ट्रैक पर लगेगा 'कवच', रेलवे का बड़ा सेफ्टी प्लान

Updated on 20-09-2026 01:50 PM
नई दिल्ली: भारतीय रेलवे यात्रियों की सुरक्षा और ट्रेनों के संचालन को बेहतर बनाने के लिए कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है। रेलवे ने अलग-अलग जोन और डिवीजन में कवच 4.0, इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग, इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन सिस्टम अपग्रेड और 4-लेन रोड ओवरब्रिज समेत कई परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इन परियोजनाओं का उद्देश्य ट्रेन संचालन को ज्यादा सुरक्षित बनाना, आधुनिक सिग्नलिंग सिस्टम को मजबूत करना और रेलवे नेटवर्क की क्षमता बढ़ाना है।

कवच भारत में विकसित ऑटोमैटिक ट्रेन प्रोटेक्शन सिस्टम है। इसका उद्देश्य ट्रेनों को टक्कर से बचाने और रेड सिग्नल पार करने जैसी स्थिति में सुरक्षा प्रदान करना है। जरूरत पड़ने पर यह सिस्टम अपने आप ब्रेक लगाने में भी मदद कर सकता है।

करीब 608 रूट Km पर लगेगा Kavach 4.0

  • रेल मंत्रालय ने नॉर्थ ईस्टर्न रेलवे के लखनऊ डिवीजन में 607.7 रूट किलोमीटर पर कवच 4.0 लगाने को मंजूरी दी है। इस परियोजना पर करीब 252 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
  • रेलवे मंत्रालय के मुताबिक, इससे डिवीजन के बचे हुए चिन्हित सेक्शनों में भी कवच सिस्टम की कवरेज बढ़ेगी और ट्रेन संचालन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी।

7 स्टेशनों पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग

रेलवे ने सेंट्रल रेलवे के सोलापुर डिवीजन के 7 स्टेशनों पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग (EI) लगाने को भी मंजूरी दी है। इस परियोजना की अनुमानित लागत 209 करोड़ रुपये है।
इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग कंप्यूटर आधारित सिग्नलिंग तकनीक है। यह रेलवे सिग्नल और ट्रैक के पॉइंट्स को नियंत्रित करने में मदद करती है, ताकि एक-दूसरे से टकराने वाले ट्रेन मूवमेंट को रोका जा सके। रेलवे के मुताबिक, आधुनिक सिग्नलिंग सिस्टम से डिवीजन में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी और आगे Kavach सिस्टम लागू करने में भी मदद मिलेगी।

इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन सिस्टम भी होगा अपग्रेड

साउथ कोस्ट रेलवे के सावल्यापुरम-गुंटूर सेक्शन में इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन सिस्टम को 1x25 kV से बढ़ाकर 2x25 kV करने की परियोजना को भी मंजूरी दी गई है।

करीब 73 रूट किलोमीटर के इस सेक्शन पर परियोजना की लागत 142 करोड़ रुपये होगी। रेलवे के अनुसार यह प्रोजेक्ट कुल 146 ट्रैक किलोमीटर को कवर करेगा। ट्रैक्शन सिस्टम की क्षमता बढ़ने से इस सेक्शन पर बढ़ते रेल संचालन को सपोर्ट करने में मदद मिलेगी और इलेक्ट्रिक रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा।

गुजरात में बनेगा 4-लेन रोड ओवरब्रिज

रेलवे ने गुजरात में भी एक बड़े रोड इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है। वेस्टर्न रेलवे के उधना-उकाई सोनगढ़ सेक्शन में लेवल क्रॉसिंग नंबर 53 की जगह 4-लेन रोड ओवरब्रिज (ROB) बनाया जाएगा।

इस परियोजना की अनुमानित लागत 133.2295 करोड़ रुपये है। इसे राज्य सरकार के साथ लागत साझा करने के आधार पर लागू किया जाएगा।

रेलवे के मुताबिक, ROB बनने से लेवल क्रॉसिंग पर सड़क यातायात सुचारू होगा और सड़क एवं रेल यातायात के बीच होने वाला हस्तक्षेप कम होगा। इससे ट्रेन संचालन के साथ-साथ सड़क यातायात को भी बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

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